छात्रा से गैंगरेप पर पॉलिटेक्निक कैंपस की सुरक्षा पर उठे सवाल, प्रिंसिपल को भेजा नोटिस

छात्रा से गैंगरेप पर पॉलिटेक्निक कैंपस की सुरक्षा पर उठे सवाल, प्रिंसिपल को भेजा नोटिस

झांसी पॉलिटेक्निक कैंपस में छात्रा के साथ हुए गैंगरेप की जानकारी समय पर न देने के आरोप में प्राविधिक शिक्षा निदेशालय ने झांसी पॉलिटेक्निक संस्थान के प्रधानाचार्य को नोटिस भेजा है। आरोप है कि पॉलीटेक्निक कैंपस में हुई घटना को छिपाने की कोशिश की गई। समय पर उच्चाधिकारियों को सूचना नहीं दी गई। संयुक्त निदेशक दिनेश मोहन सिंह ने बताया कि संस्थान में इतनी बड़ी घटना होने के बाद भी प्रधानाचार्य लालजी सिंह यादव ने कोई सूचना नहीं दी। उन्हें घटना की जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स के जरिए मिली। इसे लापरवाही मानते हुए प्रधानाचार्य से जवाब-तलब किया गया है।

झांसी पॉलिटेक्निक के प्रधानाचार्य लालजी सिंह यादव का कहना है कि घटना के दिन रविवार को पीसीएस (प्री) की सुबह और दोपहर की पाली में परीक्षा थी। जिस में ड्यूटी की व्यस्तता के चलते गैंगरेप की घटना की जानकारी नहीं मिल पाई। उन्होंने बताया कि संस्थान का छात्रावास पूरी तरह से बंद चल रहा है। अंतिम सेमेस्टर की परीक्षा के लिए 40 छात्राएं रहने आईं थीं। एक छात्रा को छोड़कर सभी 6 सितंबर तक घर लौट गई थीं। बैक पेपर के चलते एक छात्रा रुकी थी वह भी 7 सितंबर को परीक्षा देने के बाद घर चली गई।

 

पॉलीटेक्निक में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। संयुक्त निदेशक ने प्रधानाचार्य से संस्थान में तैनात सुरक्षा कर्मचारियों की संख्या और उनकी ड्यूटी स्थल के बारे में पूरी रिपोर्ट मांगी है। वहीं उनसे संस्थान में कितने छात्रावास हैं और उनमें कितने छात्र रह रहे हैं, इसका विवरण भी देने को कहा गया है। उन्होंने मामले की गंभीरता को देखते हुए संस्थान से जुड़े शिक्षक से लेकर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी तक की उपस्थिति की  घटना के एक दिन पहले से लेकर एक दिन बाद तक की रिपोर्ट मांगी है। 

प्रधानाचार्य ने बताया कि गैंगरेप की पीड़िता संस्थान की प्रथम वर्ष की छात्रा है। झांसी के सीपरी क्षेत्र की निवासी होने के चलते उसको छात्रावास आवंटित नहीं है।