मोहित लांबा पर गोलियां बरसाने वाले बदमाश हुए गिरफ्तार

मोहित लांबा पर गोलियां बरसाने वाले बदमाश हुए गिरफ्तार

बाहरी दिल्ली के कटेवड़ा गांव में 20 मई को कुतुबगढ़ निवासी युवक मोहित लांबा पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाने वाले चार नाबालिग समेत छह आरोपितों को बाहरी उत्तरी जिले की स्पेशल स्टाफ टीम ने पकड़ लिया है। आरोपित काला जठेड़ी गैंग के शार्प शूटर हैं। 

आरोपितों की पहचान हरियाणा के झज्जर जिले के लौहारहेड़ी गांव निवासी मंजीत उर्फ नानू और रोहतक जिले की महम तहसील के खेरंती गांव निवासी मोहित गिल के रूप में हुई है। आरोपितों के पास से छह पिस्तौल, 33 कारतूस व एक चोरी की बाइक बरामद हुई है।

महर्षि वाल्मीकि अस्पताल में उपचाराधीन मोहित लांबा ने पुलिस को बताया था कि 20 मई को उसके जानकार निखिल ने उसे बात करने के लिए कटेवड़ा गांव की नहर पर बुलाया था। जब मोहित वहां पहुंचा तो निखिल के साथ पांच लड़के और भी वहां मौजूद थे। उन्होंने मोहित को देखते ही उस पर गोलियां बरसाई । गोली लगने के बाद अपनी जान बचाने के लिए वह पास ही के खेतों में छिप गया और आरोपित फरार हो गए।

जांच के दौरान पता चला कि मोहित जेल में बंद कुतुबगढ़ के ही रहने वाले अजय राणा का करीबी है। प्रियव्रत व अजय राणा की टोल टैक्स से इकट्ठा हुए पैसों के बंटवारे को लेकर दुश्मनी हो गई थी। इस दौरान अजय राणा व प्रियव्रत दोनों जेल में बंद हैं। जांच के दौरान, हमलावरों में से एक की पहचान प्रियव्रत की सहायता से संचालित 'काला जठेड़ी गिरोह' के सहयोगी के रूप में हुई थी।

बाहरी उत्तरी जिला पुलिस उपायुक्त राजीव रंजन सिंह की देखरेख में पुलिस ने मामला दर्ज कर जब जांच शुरू की तो पता चला कि आ‌र्म्स एक्ट में कंझावला थाना पुलिस ने प्रिंस उर्फ टिल्ली को पकड़ा है। 

प्रिंस से गहनता से पूछताछ की गई तो पता चला कि जब आरोपित मोहित की हत्या करने जा रहे थे तो प्रिंस ने ही एक नाबालिग को बाइक उपलब्ध करवाई थी। उसने यह भी बताया कि मोहित की हत्या करने में नाबालिग की मदद करने के लिए उसे कुख्यात बदमाश प्रियव्रत ने कहा था। इसके बाद प्रिंस को गिरफ्तार कर लिया गया।

इसके बाद पुलिस टीम ने बवाना क्षेत्र से छह आरोपितों को पकड़ लिया। इनमें से दो बालिग थे और चार नाबालिग। नाबालिग पहले भी हत्या व हत्या के प्रयास के मामलों में शामिल रहे थे। जांच के दौरान पता चला कि मोहित गिल काला जठेड़ी गिरोह के गैंगस्टरों को हथियारों की आपूर्ति करता था। पूछताछ के दौरान यह भी पता चला कि उन्होंने जेल से प्रियव्रत से निर्देश मिलने के बाद हरियाणा में एक और हत्या की योजना बनाई थी।