प्रदेश मे कानपुर देहात कृषक दुर्घटना की दावे फाइलो को मंजूरी के मामले जनपद शीर्ष पर

प्रदेश मे कानपुर देहात कृषक दुर्घटना की दावे फाइलो को मंजूरी के मामले जनपद शीर्ष पर

कानपुर देहात 

जिलाधिकारी डा0 दिनेश चन्द्र ने  आज भी लम्बित 22 दावो को मंजूरी दी।  मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना मे पत्रावलियों की मंजूरी मामले मे प्रदेश मे शीर्ष पायदान पर कानपुर देहात का नाम दर्ज किया गया यह जिलाधिकारी की गम्भीरता के चलते हो सका।        

       जिलाधिकारी डा. दिनेश चन्द्र ने कृषक दुर्घटना कल्याण योजना के अन्तर्गत 19 अगस्त 2020 को  राज्य परिषद से शासनादेश को पारित हुआ जो 14 सितम्बर 2019 से 31 जुलाई 2020 तक की अवधि तक दावे है उनकी विलंब की अवधि बढ़ा दी गयी है। इस अवधि की दावे जो प्राप्त हुए है उनकों शासनादेश की परिधि के अनुसार परीक्षित करते हुए दावों को स्वीकृति अस्वीकृति करना था।

जिलाधिकारी ने 20 दिन की अवधि में ऐसे तमाम दावों पर उप जिलाधिकारियों के साथ बैठक कर और तीन की चरणो में परीक्षित करते हुए  60 दावें स्वीकृति हेतु  प्रस्तुत किये गये थे। जिसमे  50 दावे प्रथम चरण मे 22 पत्रावलियों को आज जिलाधिकारी ने स्वीकृति किये गये है जिनमें 5 लाख की धनराशि हर वारिसानो  के खाते भेजी जायेगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना योजना के अन्तर्गत मृतक की असमायिक मृत्यु पर 5 लाख रूपये की धनराशि दी जाती है।  इस योजना के अन्तर्गत फार्म भर कर तहसील में  मेडिकल रिपोर्ट  सहित तहसील में जमा किया जाता है इसका परीक्षण कराकर 5 लाख की धनराशि स्वीकृति की जायेगी।

विकलांगता में जो निर्धारित धनराशि है वह स्वीकृति की जायेगी। उन्होंने सभी से अनुरोध किया है कि उक्त स्वीकृत धनराशि मृतक के परिजनों के खाते में सीधे अंतरित की जायेगी। स्वीकृति के नाम पर या बजट आवंटन के नाम पर कोई व्यक्ति या कोई बिचैलिया दलाल  धनराशि की मांग करता है तो उसके खिलाफ कार्यवाही की जायेगी। उन्होंने बताया कि बजट की मांग  राजस्व परिषद से की गयी है बजट प्राप्त होने पर मृतक के परिजनों को धनराशि अंतरित कर दी जायेगी। उन्होंने बताया कि लगभग सारे दावे 1 वर्ष से लंबित थे उन्हें परीक्षणों उपरान्त स्वीकृत किया जा रहा है। उन्होंने सभी एसडीएम, एडीएम  व भूलेख विभाग के सहप्रभारी बलीराम भूलेख विभाग के हरदीप व अन्य कर्मचारियों का उत्साह वर्धन किया तथा निर्देशित करते हुए कहा कि यह निरंतर प्रक्रिया है दावों में कोरोना महामारी के दृष्टिगत मा0 शासन द्वारा 31 जुलाई 2020 तक के दावों समय सीमा बढ़ाई गयी थी उसके बाद के जो दावे आयेंगे। उसमें कोई समय सीमा नही बढ़ाई गयी है इसलिए निर्धारित समयावधि में दावा जमा करे प्राप्त होने वाले दावों का नियत समय पर प्रत्येक माह बैठक करके का निस्तारण किया जायेगा।