संचारी रोग नियन्त्रण अभियान की मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विडियो कांन्फ्रेसिग के माध्यम से की शुरुआत

संचारी रोग नियन्त्रण अभियान की मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विडियो कांन्फ्रेसिग के माध्यम से की शुरुआत

*संचारी रोग नियंत्रण अभियान  की  मा0 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से की शुरुआत।* 

*ब्यूरो चीफ लालता प्रसाद गंगवार की खास रिपोर्ट रामपुर से*

 *31 अक्टूबर तक चलेगा संचारी रोग नियंत्रण अभियान* 
 01 अक्टूबर से 31 अक्टूबर 2020 तक चलने वाले संचारी रोग नियंत्रण अभियान का मा0 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने वीडियो कान्फ्रेसिंग के माध्यम से शुभारम्भ किया। 
 मा0 मुख्यमंत्री जी ने वर्तमान सरकार के कार्यकाल के दौरान संचारी रोगों के नियंत्रण एवं उपचार के लिए विभिन्न स्तरों पर आमजन की सुविधा एवं बेहतर स्वास्थ्य के लिए आयोजित की गई विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से वर्तमान में संचारी रोगों से होने वाली दुर्भाग्यपूर्ण मौतों में कमी और संचारी रोगों के प्रसार पर रोकथाम के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान करते हुए कहा कि वर्ष 2017 में दिमागी बुखार के 5417 मामलें चिन्हित किए गए जबकि वर्ष 2020 में अब तक मात्र 823 दिमागी बुखार के मामले सामने आए।
 उन्होंने कहा कि संचारी रोगों से बचाव के लिए उपचार की अपेक्षा जागरूकता एवं सावधानी बेहद महत्वूपर्ण भूमिका निभाती है। सरकार द्वारा दस्तक अभियान के अन्तर्गत स्वास्थ्य टीमें घर-घर भेजी जा रही है ताकि लोगों को दिमागी बुखार, मलेरिया, डेगू आदि संक्रामक बीमरियों से बचाव के तरीकों के बारे में जानकारी उपलब्ध करायी जा सके तथा किसी भी प्रकार के संचारी रोगों से ग्रस्त होने की दशा में तत्काल उन्हें स्वास्थ्य सेवाएं भी मुहैया हो सकें। उन्होंने कहा कि नियमित रूप से संचारी रोगों के प्रसार में कमी आना सरकार के प्रयासों और स्वास्थ्य विभाग सहित इस अभियान से जुड़े अन्य विभागों के बेहतर प्रयासों का परिणाम है तथा समय-समय पर चलाए जा रहे संचारी रोग नियंत्रण अभियान ने यह जग-जाहिर किया है कि जागरूकता एवं सावधानी का बीमारियों से बचाव और बेहतर स्वास्थ्य में अत्यन्त महत्वपूर्ण स्थान है। 
 उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेशप जैसे सर्वाधिक जनसंख्या वाले प्रदेश में स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के साथ-साथ नारी की गरिमा को ध्यान में रखते हुए प्रत्येक परिवार के लिए शौचालय का निर्माण कराते हुए प्रदेश को ओडीएफ घोषित किया गया जो आमजन के स्वास्थ्य एवं सम्मानपूर्ण जीवन के लिए अत्यन्त महत्वपूर्ण था तथा सरकार द्वारा प्रदेश को ओडीएफ घोषित करके अपनी प्रतिबद्धता को अमलीजामा भी पहनाया। वर्तमान में सामुदायिक शौचालयों के निर्माण की दिशा में भी प्रदेश में वृहद स्तर पर कार्य किए जा रहे। उन्होंने कोरोना जैसी वैश्विक महामारी के दौरान भी अपना महत्वपूर्ण योगदान देने वाले स्वास्थ्य एवं पंचायतीराज सहित विभिन्न विभागों की सराहना की। उन्होंने कहा कि जनपद स्तर पर जिलाधिकारी के नेतृृत्व में संचारी रोग नियंत्रण अभियान से जुड़ी टीम की यह जिम्मेदारी होगी कि वे अपने विभागों से जुड़े लक्ष्य एवं कार्यों को निर्धारित समयसीमा के भीतर पूर्ण कराने में किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरतें। 
 उन्होंने कहा कि अगले साल तक प्रदेश में दिमागी बुखार के मामलों को शून्य स्तर पर लाने के लक्ष्य को लेकर हमें विभिन्न स्वास्थ्य एवं जागरूकता से जुड़ी गतिविधियों को आगे बढ़ाना है। स्वच्छता के लिए विशेष अभियानों के साथ-साथ हर घर स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता की दिशा में भी प्रदेश निरन्तर आगे बढ़ रहा है। कोरोना जैसी महामारी के दौरान ’’02 गज की दूरी, मास्क है जरूरी’’ को ध्यान में रखते हुए कोविड-19 से बचाव के साथ-साथ संचारी रोगों के नियंत्रण के लिए सभी प्रभावी कदम उठाए जायें। 
 वीडियों कान्फ्रेसिंग में जिलाधिकारी श्री आन्जनेय कुमार सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 सुबोध कुमार शर्मा, जिला पंचायतराज अधिकारी श्री वीरेन्द्र कुमार सिंह, जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री राजेश कुमार सहित अन्य अधिकारीगण मौजूद रहे।
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जिला सूचना अधिकारी, रामपुर​