दीपावली पर बढ़ाएं अपने ड्राइंग रूम की शोभा और दिखें बिल्कुल अलग

दीपावली के मौके पर घर की पूरी तरह से होने वाली सफाई सकारात्मक ऊर्जा को बढ़ाती है। आप इस सकारात्मक ऊर्जा को असली फूल, पौधे के जरिए और बढ़ा सकते हैं। कृत्रिम फूल, पौधे, बेल आपको बोर कर सकते हैं लेकिन असली पौधों का बदलता रंग, रूप, स्वरूप एक जीवंतता का अहसास कराने के साथ आपको इनकी देखभाल करने के लिए प्रेरित भी करेगा। नर्सरियों में इस समय पौधे खरीदने वालों की संख्या में जबरदस्त वृद्धि हुई है। यहां हर तरह के फूलों के पौधे के साथ सजावट वाले पौधे भी खूब बिक रहे हैं। नर्सरियों में ड्राइंग रूम को सजाने के लिए करीब तीन हजार फूलों और ढाई हजार सजावटी पौधों की प्रजाति हैं।

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दीपावली के मौके पर घरों को सजाने में जुटे लोगों को आकर्षित करने के लिए सड़क किनारे कृत्रिम फूल-पौधों की दुकानें सज चुकी हैं लेकिन नर्सरी में वास्तविक फूल, पौधे मौजूद हैं। ज्यादातर फूलों के पौधों की कीमत कृत्रिम फूल, पौधों से भी कम है। नर्सरी में सबसे ज्यादा बिक्री सदाबहार पौधों की है। टैरिस, ड्राइंग रूम, आंगन हर जगह के लिए अलग पौधे हैं।


स्पाइडस, केदारनाथ, महात्मा, छड़ी रसीना, फर्न, करोटन, रेलिया, केसमेट्री, अरिका पाम, राबिस पाम, विक्टोरिया द सीना पौधे ड्राइंग रूम के लिए हैं। इन पौधों को छाया में रखा जाता है।

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लौलीना, मिलीफोर्बिया, गुलाब, साइब्रास, स्टारलाइट, सफारी फाइबस, हरकेरिया, सदाबहार के पौधों को धूप में रख सकते हैं।

दीपावली करीब आ रही है, इसके साथ हल्की ठंड भी बढ़ रही है। इस मौसम में गेंदा, जाफरीन, गजनिया, डहेलिया, गुलदाउदी के पौधे फूल देते हैं। इसलिए इनकी कीमत बहुत कम है। 25 रुपये से इनकी शुरुआत है।रंग बदलने वाला गुलाब

नर्सरी में एक ऐसे गुलाब की प्रजाति भी है जिसे नर्सरी वाले पूनावाली गुलाब कहते हैं। इसमें पीले, सफेद, गुलाबी अलग-अलग रंग के गुलाब निकलते हैं।


ड्राइंग रूम में सजावट के लिए बोनसाई पौधे भी हैं। इनकी कीमत सबसे ज्यादा है। बोनसाई बरगद 15 हजार रुपये तक तो थाइकस का पौधा 12 हजार रुपये का है।

नर्सरी से फूल लेकर जा रही शारदा नगर की भावना शुक्ला ने बताया कि वह अपने घर के लिए तो पौधे ले ही रही हैं, करीबियों को भी वह दीपावली पर पौधे भेंट करना चाहती हैं ताकि इनकी याद वर्षों बनी रहे।


इन पौधे से घर सजाने के लिए डिजाइनर गमलों की भी झलक ले लीजिएगा। दौर बदला है और अब प्लास्टिक के गमले बाजार में हैं। इन पर प्रिंट भी हैं और रंग भी चटख हैं। 20 रुपये से 800 रुपये तक में ये गमले मिल रहे हैं।

हर वर्ष दीपावली पर इन पौधों की बिक्री बढ़ रही है। पौधे घर के अंदर का माहौल बदल देते हैं। इसलिए भी इनके प्रति आकर्षण बढ़ा है।

नर्सरी में आने के बाद कोई भी व्यक्ति खुद को इन पौधों को खरीदने से रोक नहीं पाता। कई हजार फूल और पौधे उन्हें बेबस कर ही देते हैं।

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shishir Vishwakarma

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